UTTAR PRADESH

मैनपुरी में निर्माणाधीन मकान की कंक्रीट छत गिरी, एक मजदूर की मौत; दो अन्य घायल

भोगांव थाना क्षेत्र के छाछा गांव के पास निर्माणाधीन इमारत में कंक्रीट डालने के दौरान हादसा हुआ। मलबे में दबे तीन मजदूरों को बाहर निकाला गया, जिनमें से एक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

WhatsAppFacebookXTelegram
मैनपुरी में निर्माणाधीन मकान की कंक्रीट छत गिरी, एक मजदूर की मौत; दो अन्य घायल

खबर के मुख्य बिंदु

  • मैनपुरी के भोगांव थाना क्षेत्र में निर्माणाधीन मकान की छत गिरने से हादसा हुआ।
  • घटना जीटी रोड पर छाछा गांव के पास हुई।
  • हादसे के समय इमारत में कंक्रीट डालने का काम चल रहा था।
  • तीन मजदूर मलबे के नीचे दब गए थे।
  • सभी को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया।
  • एक मजदूर की इलाज के दौरान मौत हो गई।
  • दो अन्य मजदूर घायल हैं और उनका इलाज जारी है।
  • पुलिस और प्रशासन ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है।
None

Quick Summary

मैनपुरी में हुआ यह हादसा एक बार फिर निर्माण स्थलों पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी की ओर इशारा करता है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसा उस समय हुआ जब निर्माणाधीन मकान में कंक्रीट डाली जा रही थी। छत गिरने से तीन मजदूर मलबे में दब गए, जिनमें से एक की जान नहीं बचाई जा सकी। ऐसे हादसे अक्सर सवाल खड़े करते हैं कि क्या निर्माण कार्य के दौरान पर्याप्त तकनीकी निगरानी, मजबूत सपोर्ट सिस्टम और श्रमिक सुरक्षा के मानकों का पालन किया जा रहा है। अब प्रशासन की जांच से यह स्पष्ट होगा कि यह दुर्घटना निर्माण में लापरवाही, तकनीकी कमजोरी या सुरक्षा प्रोटोकॉल की कमी की वजह से हुई।

उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में रविवार को एक निर्माणाधीन मकान की कंक्रीट की छत गिरने से बड़ा हादसा हो गया। इस घटना में एक मजदूर की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हो गए। हादसा भोगांव थाना क्षेत्र के अंतर्गत जीटी रोड पर छाछा गांव के पास हुआ, जहां निर्माण कार्य चल रहा था। प्राप्त जानकारी के अनुसार, निर्माणाधीन इमारत में उस समय कंक्रीट डालने का काम किया जा रहा था। इसी दौरान अचानक मकान की छत या ढांचा भरभराकर गिर पड़ा। हादसे के समय वहां काम कर रहे तीन मजदूर मलबे के नीचे दब गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

मलबे में दबे मजदूरों को बाहर निकाला गया
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। राहत और बचाव कार्य तुरंत शुरू किया गया। मलबे में दबे तीनों मजदूरों को काफी मशक्कत के बाद बाहर निकाला गया और तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। घायलों में एक मजदूर की हालत गंभीर बताई गई, जिसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं, दो अन्य घायल मजदूरों का इलाज पास के स्वास्थ्य केंद्र में जारी है।

पुलिस और प्रशासन ने शुरू की जांच
Article image 1
घटना के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया। प्रशासन ने यह पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है कि आखिर निर्माणाधीन इमारत का हिस्सा कैसे गिरा। प्राथमिक तौर पर माना जा रहा है कि निर्माण कार्य के दौरान कोई तकनीकी गड़बड़ी, सपोर्ट स्ट्रक्चर की कमजोरी या सुरक्षा में लापरवाही हादसे की वजह हो सकती है। हालांकि, अधिकारी फिलहाल हर पहलू से जांच कर रहे हैं।

निर्माण स्थलों की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर निर्माण स्थलों पर श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अक्सर निर्माण कार्यों के दौरान मजदूर बिना पर्याप्त सुरक्षा उपकरणों और तकनीकी निगरानी के काम करते हैं, जिससे ऐसे हादसों का खतरा बढ़ जाता है। प्रशासन का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच के बाद जिम्मेदारी तय की जाएगी और यदि किसी तरह की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

Payal Singh

आपकी प्रतिक्रिया

Comments

Saved Articles

No saved articles yet.